Minister Prahlad Patel : मंत्री पटेल बोले... लोगों को भींख मांगने की आदत पड़ गई

02 Mar, 25
 0  335
Minister Prahlad Patel  : मंत्री पटेल बोले... लोगों को भींख मांगने की आदत पड़ गई

Minister Prahlad Patel  : जब चुनाव आते है तो नेता वोट के लिए दर दर भटकने लगते है। सत्ता पाने के लिए नेता किसी भी हद तक गुजर जाते है। वोट के लिए जनता की हां में हां भरते नजर आते है। और जब यही नेता चुनाव जीत जाते है और जनता जब इनसे कुछ मांगे तो नेताजी को भिखारी नजर आने लगते है। जी हां ऐसा ही कुछ मध्यप्रदेश की राजनीति में देखने को मिला है। 

जानकारी के अनुसार मोहन सरकार के पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद पटेल ने अपने एक बयान में ऐसा कुछ कह दिया की सियासत तेज हो गई। मंत्री पटेल ने जनता के आवेदनों को भीख करार देकर विवाद खड़ा ​कर दिया है। मंत्री पटेल का कहना है कि लोगों को सरकार से भींख मांगने की आदत पड़ गई है। 

जनता को बताया भिखारी!

दरसअल, बीजेपी के कद्दावर नेता और मोहन सरकार में कैबिनेट मंत्री प्रहलाद पटेल बीते शनिवार को राजगढ़ के सुठालिया पहुंचे थे। यहां उन्होंने वीरांगना रानी अवंतीबाई लोधी की प्रतिमा का अनावरण किया। इस दौरान जनसभा में जनता ने उन्हें कुछ आवेदन पत्र भी दिए। मंत्री पटेल ने इस दौरान जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि लोगों को सरकार से भीख मांगने की आदत पड़ गई है। कोई नेता आता है तो उसे टोकरी भरके कागज पकड़ा दिए जाते है। मंच पर माला पहनाकर पत्र थमा दिए जाते है। लोगों को लेने की जगह देने की मानिसता होनी चाहिए। ये लोग समाज को कमजोर कर रहे है। 

मैने कभी किसी से कुछ नही मांगा

जनसभा को संबोधित करते हुए मंत्री पटेल ने कहा कि मैने कभी किसी से कुछ नहीं मांगा। कोई ऐसा शहीद का नाम बता दे जिसने भींख मांगी हो? अगर हो तो सामने लाया जाए। मंत्री पटेल ने आगे कहा कि इसके बाद भी वे कार्यक्रम में आते है, बात रखते है, चले जाते है। भिक्षा मांगते है तो केवल एक ही, क्योंकि वे नर्मदा परिक्रमा वाी है। मंत्री पटेल ने आगे कहा की भिखारी की फौज खड़ी करना समाज को कमजोर करना है। 

मंत्री जी को होगा नुकसान?

मंत्री पटेल का जनता को भिखारी करार देना सरकार और उनके राजनीति रूप को नुकसान हो सकता है। सरकार के प्रति जनता नाराज हो सकती है। वही विपक्ष इसे मुद्दा बनाकर आने वाले चुनावों में कैस करा सकती है। 

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow